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Nagarjun — Yeh Danturhit Muskan aur Fasal

NCERT Class 10 · Hindi A Based on NCERT Class 10 Hindi A textbook · Free CBSE study kit

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Chapter Notes

**नागार्जुन का जीवन परिचय**

नागार्जुन (1911-1998) का जन्म बिहार के दरभंगा जिले के शिली गांव में हुआ। मूल नाम वैद्यनाथ मिश्र था। संस्कृत पाठशाला में प्रारंभिक शिक्षा के बाद बनारस और कोलकाता में अध्ययन किया। 1936 में श्रीलंका गए और बौद्ध धर्म में दीक्षित हुए। 1938 में स्वदेश लौटे। उनका संपूर्ण कृतित्व सात खंडों में प्रकाशित है।

**प्रमुख काव्य कृतियां**

• युगधारा

• सतरंगे पंखों वाली

• हजार-हजार बांहों वाली

• तुमने कहा था

• पुरानी जूतियों का कोरस

• आखिर ऐसा क्या कह दिया मैंने

• मैं मिलिटरी का बूढ़ा घोड़ा

**साहित्यिक योगदान और पुरस्कार**

• काव्य के साथ-साथ उपन्यास और गद्य विधाओं में भी लेखन

• हिंदी अकादमी, दिल्ली का शिखर सम्मान

• उत्तर प्रदेश का भारत भारती पुरस्कार

• बिहार का राजेंद्र प्रसाद पुरस्कार

• मैथिली भाषा में काव्य के लिए साहित्य अकादेमी पुरस्कार

• मैथिली में 'यात्री' नाम से प्रसिद्ध

**व्यक्तित्व और विचारधारा**

• राजनीतिक सक्रियता के कारण कई बार जेल गए

• हिंदी और मैथिली में समान रूप से लेखन

• बांग्ला और संस्कृत में भी काव्य रचना

• भ्रष्टाचार, राजनीतिक स्वार्थ और समाज की दुर्दशा के प्रति सचेत

• व्यंग्य में माहिर (आधुनिक कबीर कहलाते हैं)

• छायावादोत्तर दौर के अकेले कवि जिनकी काव्य गांव की चौपालों और साहित्यिक दुनिया में समान रूप से लोकप्रिय

• वास्तविक अर्थों में जनकवि

• सामयिक बोध से गहराई से जुड़े आंदोलनधर्मी कवि

• चंद्न और मुक्त छंद दोनों में काव्य रचना की

**कविता 'यह नंदन मुस्कान' का विश्लेषण**

**विषय-वस्तु**

छोटे बच्चे की मनोहर मुस्कान को देखकर कवि के मन में उठने वाली भावनाओं की अभिव्यक्ति है यह कविता। कवि बताता है कि इस सुंदरता में ही जीवन का संदेश है।

**मुख्य विषय बिंदु**

• बच्चे की नंदन मुस्कान का कवि के मन पर विशेष प्रभाव

• यह मुस्कान मृत को भी जीवन दे सकती है

• कवि का अनुभव: धूलि-धूसर गात में भी गुण है

• बच्चे की सुंदरता → कड़ोर से कड़ोर मन को भी पिघला देती है

• नश्वरता का संदर्भ: सुंदरता क्षणभंगुर है

**काव्य प्रतीकवाद और बिंब**

• 'नंदन मुस्कान' = बचपन की निर्मल भावना

• 'धूलि-धूसर गात' = कठोर जीवन परिस्थितियों से भरा अस्तित्व

• 'पाषाण' = कठोर, निष्ठुर हृदय

• 'तालाब' और 'झोंपड़ी' = गरीबी, दरिद्रता

• 'जलजात' = कमल फूल (संघर्ष में खिला फूल)

• 'शेफालिका' = एक फूल (अशिक्षा, गरीबी)

• 'अनुमेष' = बिना पलक झपके लगातार देखना

**माता और संदर्भ**

• मां की मध्यस्थता के बिना यह मुस्कान संभव नहीं

• मां ही मेधविण (पांचामृत) का वाहक → प्रेम और स्नेह की प्रतीक

• कवि स्वयं 'चिर प्रवासी' है → अतिथि की तरह निरंतर परिभ्रमणशील

• मां की उंगलियां करातलस → स्पर्श की कोमलता

• कवि द्वारा दुःख से भरी निगाहें डालना

**काव्य गुण और शैली**

• बोलचाल की भाषा की गति और लय प्रभावशाली

• सहज-सरल शब्दावली परंतु गहन अर्थ

• प्रश्नोत्तरी शैली का प्रयोग

• दोहरे अर्थों का सुंदर निर्वहन

• आवृत्ति शैली: संवेदनशीलता को दर्शाती है

• उपभोक्ता-संस्कृति के दौर में कृषि-संस्कृति की ओर आह्वान

**प्रश्न और उत्तर संबंधी बिंदु**

प्रश्न 1: बच्चे की नंदन मुस्कान का कवि के मन पर क्या प्रभाव पड़ता है?

उत्तर: बच्चे की मुस्कान कवि को गहरी भावनात्मक अनुभूति देती है। यह मुस्कान मृत को भी जीवन दे सकती है, कठोर पाषाण को पिघला सकती है। कवि को इसमें जीवन का संपूर्ण संदेश दिखाई देता है।

प्रश्न 2: बच्चे की मुस्कान और बड़े व्यक्ति की मुस्कान में अंतर

उत्तर: बच्चे की मुस्कान निर्मल, सहज और प्राकृतिक है जबकि बड़े की मुस्कान अनुभव और दुनियादारी से युक्त होती है। बच्चे की मुस्कान में दरिद्रता होने के बाद भी नैसर्गिक सौंदर्य है।

प्रश्न 3: 'धूलि-धूसर गात' भाव स्पष्टीकरण

उत्तर: यह बचपन की गरीबी, संघर्षपूर्ण परिस्थितियों और असंभवताओं को दर्शाता है। धूल से सने शरीर के बाद भी बच्चे की मुस्कान में शुद्धता है।

**कविता 'फसल' का विश्लेषण**

**विषय-वस्तु**

इस कविता में नागार्जुन ने फसल के माध्यम से मानव श्रम, प्रकृति के सहयोग और कृषि-संस्कृति का चित्रण किया है। फसल सभी तत्वों का सम्मिलित परिणाम है।

**फसल की परिभाषा कवि के अनुसार**

• फसल केवल एक-दो नहीं, बल्कि विशाल पैमाने पर उत्पादन

• ढेर सारी नदियों के पानी का जादू

• लाख-लाख कोटि-कोटि हाथों के स्पर्श की गरिमा

• हजार-हजार खेतों की मिट्टी का गुण-धर्म

• नदियों का पानी, हाथों का स्पर्श, मिट्टी का गुण-धर्म का संयुक्त परिणाम

**फसल निर्माण के आवश्यक तत्व**

  • नदियों का पानी (प्रकृति का अवदान)
  • हजारों मनुष्यों का श्रम (मानव अवदान)
  • खेतों की उपजाऊ मिट्टी (भूमि का गुण-धर्म)
  • सूर्य की किरणों का रूपांतरण (ऊर्जा)
  • हवा की फहराहट (प्रकृति की गतिविधि)
  • **गहन अर्थ और प्रतीकवाद**

    • 'नदियों का पानी' = प्रकृति के संसाधन

    • 'हाथों का स्पर्श' = श्रमिक वर्ग का अमूल्य योगदान

    • 'मिट्टी का गुण-धर्म' = पृथ्वी की उर्वरता और सक्षमता

    • 'सूर्य की किरणों' = ऊर्जा, प्रकाश, जीवन-शक्ति

    • 'हवा की फहराहट' = गति, विकास, परिवर्तन

    **प्राकृतिक और सामाजिक संबंध**

    • प्रकृति और मनुष्य का समन्वित प्रयास

    • श्रमिक वर्ग का अदृश्य परंतु अनिवार्य भूमिका

    • सामूहिक प्रचेष्टा का महत्व

    • उपभोक्ता-संस्कृति vs कृषि-संस्कृति का संदर्भ

    **प्रश्न आधारित बिंदु**

    प्रश्न 1: कवि के अनुसार फसल क्या है?

    उत्तर: फसल नदियों के पानी, लाखों हाथों के स्पर्श, हजारों खेतों की मिट्टी, सूर्य की किरणों और हवा की फहराहट का सम्मिलित परिणाम है। यह केवल एक वस्तु नहीं बल्कि प्रकृति और मानव श्रम का संयोजन है।

    प्रश्न 2: फसल को 'हाथों के स्पर्श की महिमा' क्यों कहा गया?

    उत्तर: क्योंकि लाखों किसानों के कठोर श्रम, पसीने और देखभाल से ही फसल तैयार होती है। उनके हाथों का स्पर्श फसल को जीवन देता है।

    प्रश्न 3: भाव स्पष्टीकरण - 'रूपांतर है सूर्य की किरणों का, सिमटा हुआ संकोच है हवा की फहराहट का'

    उत्तर: सूर्य की ऊर्जा फसल में परिवर्तित हो जाती है। हवा की लहराहट फसलों में सिमटी हुई होती है। दोनों ही प्राकृतिक शक्तियां फसल निर्माण में महत्वपूर्ण हैं।

    **शब्दावली विश्लेषण**

    • नंदन = बचपन, नए दांत

    • धूलि-धूसर गात = धूल मिट्टी से सने अंग-प्रत्यंग

    • जलजात = कमल का फूल

    • अनुमेष = बिना पलक झपके लगातार देखना

    • इतर = दूसरा

    • मधुपर्व = दही, घी, शहद, जल और दूध का मिश्रण (पंचामृत)

    • दुनख = तिरछी निगाह से देखना

    • छवि = सुंदरता, सौंदर्य

    **परीक्षा में महत्वपूर्ण प्रश्न**

    1. दोनों कविताओं में प्रकृति की भूमिका को समझाइए

    2. नागार्जुन की काव्य शैली की विशेषताएं बताइए

    3. समसामयिक बोध से जुड़ी कविताओं का महत्व

    4. कवि के सामाजिक दायित्व का परिचय दीजिए

    5. ग्रामीण जीवन का चित्रण कैसे किया गया है

    **लेखन कार्य**

    • किसी बच्चे की मुस्कान पर निबंध

    • कृषि संकट पर समाचार पत्र को पत्र

    • आधुनिक समाज में कृषि-संस्कृति की प्रासंगिकता पर विचार

    • महिला किसानों की भूमिका पर परिचर्चा

    **एनसीईआरटी फिल्म संदर्भ**

    नागार्जुन पर निर्मित फिल्म देखने से कवि के जीवन, विचारधारा और साहित्यिक योगदान की गहन समझ विकसित होती है।

    **पाठेत्तर सक्रियता**

    • नए परिचित की हाव-भाव, व्यवहार को देखकर काव्य या अनुच्छेद लेखन

    • एनसीईआरटी फिल्म देखना

    • गांवों में लोगों से साक्षात्कार

    • खेतों की स्थिति का अध्ययन करना

    MCQs — 10 Questions with Answers

    Q1. नागार्जुन का असली नाम क्या था?

    • A. वैदनाथ मिश्र ✓
    • B. धीरेंद्र नाथ मिश्र
    • C. विजयनाथ शर्मा
    • D. राजनाथ पाठक

    Answer: A — नागार्जुन का मूल नाम वैदनाथ मिश्र था और वे मैथिली में यात्री नाम से प्रसिद्ध थे।

    Q2. दंतुरित मुस्कान कविता में दंतुरित शब्द का अर्थ है:

    • A. पूरे दाँत वाली
    • B. नए-नए दाँत निकलते हुए ✓
    • C. सफेद दाँत वाली
    • D. बेदाँत वाली

    Answer: B — दंतुरित का अर्थ है बालक के नए-नए दाँत जो निकल रहे हों, जिससे उसकी मुस्कान विशेष सुंदर लगती है।

    Q3. दंतुरित मुस्कान कविता में बालक की मुस्कान का कवि पर क्या प्रभाव पड़ता है?

    • A. कवि को खुशी होती है
    • B. कवि का कठोर मन पिघल जाता है और जीवन का संदेश मिलता है ✓
    • C. कवि को दुःख होता है
    • D. कवि को क्रोध आता है

    Answer: B — कविता में कवि कहते हैं कि कठोर से कठोर मन भी बालक की मुस्कान से पिघल जाता है और जीवन का गहरा संदेश प्रदान करता है।

    Q4. फसल कविता में फसल को किन तत्वों का संयोग माना गया है?

    • A. केवल मिट्टी और पानी
    • B. बीज और खाद
    • C. नदियों के पानी, हाथों के स्पर्श और मिट्टी का गुण-धर्म ✓
    • D. केवल सूर्य की किरणें

    Answer: C — कवि कहते हैं कि फसल नदियों के जादू, लाखों हाथों के स्पर्श की गरिमा और मिट्टी के गुण-धर्म का परिणाम है।

    Q5. नागार्जुन को आधुनिक कबीर क्यों कहा जाता है?

    • A. वे भी कवि थे
    • B. क्योंकि वे व्यंग्य में माहिर थे और समाज की कुरीतियों का विरोध करते थे ✓
    • C. क्योंकि वे गाँवों में रहते थे
    • D. क्योंकि वे ऊँचाई पर रहते थे

    Answer: B — नागार्जुन व्यंग्य में माहिर थे और भ्रष्टाचार, राजनीतिक स्वार्थ और सामाजिक असमानता के विरोधी थे, जैसे कबीर थे।

    Q6. कविता में जलजात शब्द का अर्थ है:

    • A. पानी में जन्म लेने वाला
    • B. कमल का फूल ✓
    • C. कमल का पत्ता
    • D. कमल की जड़

    Answer: B — जलजात का अर्थ है जल से उत्पन्न, अर्थात् कमल का फूल जो पानी में उगता है।

    Q7. दंतुरित मुस्कान कविता में कवि का ध्यान किसकी ओर आकर्षित होता है?

    • A. बड़े व्यक्ति की व्यक्तित्व की ओर
    • B. छोटे बालक की मुस्कान की ओर ✓
    • C. खूबसूरत महिला की ओर
    • D. प्रकृति की सुंदरता की ओर

    Answer: B — कविता का शीर्षक ही बताता है कि कवि का ध्यान छोटे बालक की नन्ही दंतुरित मुस्कान की ओर आकर्षित होता है।

    Q8. नागार्जुन ने 1936 में कौन सा महत्वपूर्ण निर्णय लिया?

    • A. संन्यास ले लिया
    • B. लेखन कार्य शुरू किया
    • C. श्रीलंका जाकर बौद्ध धर्म में दीक्षित हुए ✓
    • D. राजनीति में प्रवेश किया

    Answer: C — 1936 में नागार्जुन श्रीलंका गए और वहाँ बौद्ध धर्म में दीक्षित हुए, दो साल प्रवास के बाद 1938 में स्वदेश लौटे।

    Q9. फसल कविता का मुख्य संदेश क्या है?

    • A. कृषि कार्य कठिन होता है
    • B. किसान गरीब होते हैं
    • C. प्रकृति और मनुष्य के सहयोग से ही सृजन संभव है ✓
    • D. अनाज महंगा होता है

    Answer: C — कविता यह संदेश देती है कि फसल का निर्माण केवल एक-दो के प्रयास से नहीं बल्कि प्रकृति और लाखों किसानों के सामूहिक सहयोग से होता है।

    Q10. दंतुरित मुस्कान कविता में माँ की भूमिका कैसी दर्शाई गई है?

    • A. कठोर और अनुशासनप्रिय
    • B. कोमल, पोषक और जीवन देने वाली ✓
    • C. उदासीन और असंवेदनशील
    • D. व्यावहारिक और स्वार्थी

    Answer: B — कविता में माँ बालक को जीवन देने वाली, उसकी मुस्कान को संभव बनाने वाली और मधुपर्क (प्रेम) देने वाली दर्शाई गई है।

    Flashcards

    नागार्जुन का जन्म कब और कहाँ हुआ?

    नागार्जुन का जन्म 1911 ई. में बिहार के दरभंगा जिले के एक गाँव में हुआ था।

    दंतुरित मुस्कान में बालक की मुस्कान कवि को कैसा प्रभाव डालती है?

    बालक की नन्ही मुस्कान कवि के कठोर मन को पिघला देती है और जीवन का गहरा संदेश प्रदान करती है।

    नागार्जुन को आधुनिक कबीर क्यों कहा जाता है?

    नागार्जुन व्यंग्य में माहिर थे और वे भ्रष्टाचार, राजनीतिक स्वार्थ और समाज की पतनशील स्थितियों के प्रति सजग रहे।

    फसल कविता में फसल का मूल तत्व क्या है?

    कवि के अनुसार फसल नदियों के पानी का जादू, हाथों के स्पर्श की गरिमा और मिट्टी का गुण-धर्म है।

    कवि के अनुसार प्रकृति और मनुष्य के बीच क्या संबंध है?

    कवि का मानना है कि प्रकृति और मनुष्य के सहयोग से ही सृजन संभव है, एक-दूसरे के बिना जीवन अधूरा है।

    दंतुरित मुस्कान कविता में माँ की भूमिका क्या है?

    कविता में माँ बालक को जीवन देने वाली, उसकी मुस्कान को संभव बनाने वाली और कवि की संवेदनशीलता का केंद्र है।

    नागार्जुन ने किन-किन भाषाओं में रचनाएँ की हैं?

    नागार्जुन ने हिंदी, मैथिली, बाँग्ला और संस्कृत भाषाओं में काव्य और गद्य दोनों रचनाएँ की हैं।

    फसल कविता का मुख्य संदेश क्या है?

    फसल कविता यह संदेश देती है कि सकारात्मक परिवर्तन के लिए सामूहिक प्रयास और प्रकृति का सहयोग आवश्यक है।

    दंतुरित शब्द का अर्थ क्या है?

    दंतुरित शब्द का अर्थ है बालक के नए-नए दाँत जो निकल रहे हों, जिससे मुस्कान की सुंदरता बढ़ जाती है।

    नागार्जुन की काव्य शैली की विशेषता क्या है?

    नागार्जुन की काव्य शैली में बोलचाल की सरल भाषा, गहन भाव, पुनरावृत्ति तकनीक और मुक्त छंद का प्रयोग है।

    Important Board Questions

    दंतुरित मुस्कान कविता में बालक की मुस्कान का कवि के जीवन में क्या महत्व है? (यह मुस्कान कवि को क्या संदेश देती है?) [2 marks]

    बताएँ कि कविता में कवि कहते हैं—कठोर से कठोर मन भी बालक की मुस्कान से पिघल जाता है। इस मुस्कान में जीवन का गहरा सार्थक संदेश निहित है। यह मुस्कान नश्वरता और अस्तित्व का प्रतीक है।

    फसल कविता में कवि ने फसल को केवल अनाज न मानकर क्या-क्या माना है? इस दृष्टिकोण से कवि समाज को क्या संदेश देना चाहते हैं? [3 marks]

    कवि फसल को केवल अनाज नहीं मानते—यह नदियों के पानी का जादू, हाथों के स्पर्श की गरिमा, मिट्टी का गुण-धर्म, सूर्य की किरणें और हवा की फुहार का समन्वय है। यह दर्शाता है कि सामूहिक प्रयास, प्रकृति का सहयोग और किसानों की मेहनत ही सभ्यता की नींव है।

    नागार्जुन की काव्य रचना की विशेषताओं को ध्यान में रखते हुए बताइए कि वे जनकवि के रूप में कैसे प्रसिद्ध हुए? उनकी रचनाओं में समाज के किन पहलुओं के प्रति सजगता दिखाई देती है? [5 marks]

    नागार्जुन जनकवि हैं क्योंकि वे गाँव की चौपालों और साहित्यिक दुनिया दोनों में लोकप्रिय थे। उनकी काव्य शैली सरल, व्यंग्यात्मक और संवेदनशील है। वे भ्रष्टाचार, राजनीतिक स्वार्थ, सामाजिक असमानता और किसानों की दीनता के विरोधी थे। उनकी रचनाएँ समाज के पतनशील पहलुओं की ओर ध्यान आकर्षित करती हैं। वे आधुनिक कबीर कहे जाते हैं क्योंकि वे धार्मिक, राजनीतिक और सामाजिक कुरीतियों का विरोध करते थे।

    Assertion-Reason Questions for Nagarjun — Yeh Danturhit Muskan aur Fasal

    Q1. Assertion (A):

    दंतुरित मुस्कान कविता में बच्चे की मुस्कान का प्रभाव मात्र बचपन की सीमा तक नहीं है।

    Reason (R):

    कवि का मानना है कि इस सुंदरता में ही जीवन का संदेश है और यह सबसे कठोर मन को भी पिघला देती है।

    Answer: A — Both A and R are true, and R is the correct explanation of A — यह दोनों कथन सही हैं और कारण कथन को पूरी तरह समझाता है। पाठ-परिचय में लिखा है कि इस सुंदरता की व्यापकता ऐसी है कि कठोर से कठोर मन भी पिघल जाता है। बच्चे की मुस्कान मानवीय जीवन का गहरा अर्थ रखती है।

    Q2. Assertion (A):

    फसल कविता में कवि ने फसल को केवल किसान का परिश्रम माना है।

    Reason (R):

    फसल केवल एक या दो के परिश्रम से नहीं बल्कि अनेक प्राकृतिक तत्वों के सहयोग से बनती है।

    Answer: C — A is true but R is false — कथन गलत है जबकि कारण पूरी तरह सही है। कविता में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि फसल नदियों के पानी का जादू, हाथों के स्पर्श की गरिमा, हवा की थिरकन और मिट्टी के गुण-धर्म से बनती है। कवि केवल किसान के परिश्रम को पर्याप्त नहीं मानते।

    Q3. Assertion (A):

    नागार्जुन को साहित्य की विविध विधाओं में योगदान के लिए अनेक पुरस्कारों से सम्मानित किया गया।

    Reason (R):

    उन्हें साहित्य अकादेमी पुरस्कार, राजेंद्र प्रसाद पुरस्कार और मैथिली भाषा के लिए साहित्य अकादेमी पुरस्कार दिया गया।

    Answer: A — Both A and R are true, and R is the correct explanation of A — दोनों कथन सही हैं और कारण उदाहरणों के साथ कथन को सत्यापित करता है। पाठ में वर्णित है कि नागार्जुन को हिंदी अकादेमी दिल्ली का शिखर सम्मान, उत्तर प्रदेश का भारत भारती पुरस्कार और बिहार का राजेंद्र प्रसाद पुरस्कार सहित अनेक पुरस्कार मिले।

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    Case-Based Questions (CBQ) for Nagarjun — Yeh Danturhit Muskan aur Fasal

    Case Study:

    नागार्जुन की ख्याति केवल साहित्यिक दुनिया में नहीं है। वे राजनीतिक सक्रियता के कारण कई बार जेल गए। हिंदी और मैथिली में समान रूप से लेखन करने वाले नागार्जुन लोकजीवन से गहरा संबंध रखते थे। उनकी कविताएँ गाँव की चौपालों और साहित्यिक दुनिया दोनों में समान रूप से लोकप्रिय रहीं। लोकबोध से जुड़ी उनकी आंदोलनधर्मी कविताओं को व्यापक लोकप्रियता मिली।

    Q1. नागार्जुन की लोकप्रियता का मुख्य कारण क्या था?

    • A. वे केवल संस्कृत भाषा में कविताएँ लिखते थे
    • B. वे साधारण जनता के जीवन से जुड़ी विषयवस्तु पर लिखते थे और राजनीतिक सचेतना फैलाते थे ✓
    • C. वे अंग्रेजी साहित्य के अनुवादक थे
    • D. वे केवल प्रेम कविताएँ लिखते थे

    Answer: B

    Q2. नागार्जुन को किन कारणों से जेल जाना पड़ा?

    • A. साहित्य चोरी के आरोप में
    • B. आर्थिक अपराधों के कारण
    • C. राजनीतिक सक्रियता और सामाजिक चेतना के कारण ✓
    • D. धार्मिक कारणों से

    Answer: C

    Q3. अनुच्छेद के आधार पर नागार्जुन की कविताओं की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता क्या है?

    • A. ये केवल पढ़े-लिखे लोगों के लिए थीं
    • B. ये गाँव की चौपालों और साहित्यिक दुनिया दोनों में समान रूप से लोकप्रिय रहीं ✓
    • C. ये विदेशी साहित्य की नकल थीं
    • D. ये केवल धार्मिक विषयों पर थीं

    Answer: B

    Previous Year Questions (PYQ) for Nagarjun — Yeh Danturhit Muskan aur Fasal

    Real CBSE board exam questions from past papers — free to attempt.

    CBSE 2026 · Set 31/1/1 · 4 marks

    (i) [Question text in Hindi - skipped]

    CBSE 2026 · Set 31/2/1 · 4 marks

    [Question text not clearly visible in image]

    CBSE 2026 · Set 31/3/1 · 5 marks

    [Question text in Hindi - English portion not clearly visible]

    CBSE 2026 · Set 31/4/1 · 4 marks

    What is the message conveyed by Nagarjun in 'Yeh Danturhit Muskan aur Fasal'?

    CBSE 2026 · Set 31/4/2 · 1 mark

    (i) Based on 'Yeh Duniya': [Question details]

    CBSE 2026 · Set 31/4/3 · 1 mark

    [Question about Nagarjun — Yeh Danturhit Muskan aur Fasal - details not clearly visible]

    CBSE 2026 · Set 31/5/1 · 1 mark

    What does 'Danturhit Muskan' represent?

    CBSE 2026 · Set 31/5/2 · 4 marks

    Answer the following questions on 'Yeh Danturhit Muskan aur Fasal' (Nagarjun): (i) What is the significance of the smile? (ii) How is the farmer portrayed? (iii) What are the social issues addressed? (iv) What is the poet's critique? (v) How does the poem relate to rural life?

    CBSE 2026 · Set 31/5/3 · 1 mark

    Who is the poet of the given verse?

    CBSE 2026 · Set 31/5/3 · 1 mark

    What is the subject of the poem?

    CBSE 2026 · Set 31/5/3 · 1 mark

    What emotion does the poem convey?

    CBSE 2026 · Set 31/5/3 · 2 marks

    How does the poet use nature to express his ideas?

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